इस साल गोवा के सबसे बड़े धार्मिक आयोजन में नहीं जुटेगी भारी भीड़
Tuesday, 17 November 2020 17:13

  • Print
  • Email

पणजी: गोवा के सबसे बड़े धार्मिक आयोजन (जो 16वीं सदी के स्पेनिश सेंट फ्रांसिस जेवियर को समर्पित एक उत्सव है) में इस साल लोगों की भारी भीड़ नहीं जुटेगी और कोविड-19 महामारी के कारण मुख्य रूप से इसे वर्चुअल तौर पर ही आयोजित किया जाएगा। राज्य के चर्च अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। गोवा के रोमन कैथोलिक चर्च ने महामारी के मद्देनजर 3 दिसंबर को होने वाले उत्सव में बड़ी भीड़ की मेजबानी नहीं करना पसंद किया है।

गोवा के संरक्षक संत के रूप में संदर्भित, सेंट फ्रांसिस जेवियर, जो नवर्ो के रहने वाले थे, ईसाई धर्म को दुनिया के इस हिस्से में लाने वाले शुरुआती मिशनरियों में से एक थे।

उनके अवशेष, पणजी के पास हेरिटेज चर्च परिसर में बोम जीसस बेसिलिका में रखे गए हैं, जिन्हें 'निशानी' के रूप में जाना जाता है और हर साल 3 दिसंबर को सार्वजिनक रूप से प्रदर्शित किए जाते हैं।

गोवा में रोमन कैथोलिक चर्च ने एक बयान में कहा, "चूंकि गृह मंत्रालय के प्रतिबंध के कारण भीड़ जुटना संभव नहीं है तो सीमित रूप से पूजा की अनुमति दी जाएगी। गृह मंत्रालय के दिशा-निर्देश माला पहनाना, मोमबत्तियां जलाना, पवित्र जल छिड़कना, मूर्तियों को छूने, चूमने की अनुमति नहीं देते हैं। परिसर में प्रवेश की लिए ड्रेस कोड निर्धारित किया गया है।"

चर्च टेटमेंट ने भी कहा कि वर्चुअल मोड में भाग लेने के इच्छुक लोगों के लिए लाइव टेलीकास्ट किया जाएगा।

--आईएएनएस

वीएवी/एसजीके

Leave a comment

Make sure you enter all the required information, indicated by an asterisk (*). HTML code is not allowed.

Don't Miss